Romantic Ghazal Shayari In Hindi – Ab Na Koi Kami Si Lagti Hai

अब ना कोई कमी सी लगती है
जिन्दगी, जिन्दगी-सी लगती है

हमसफर तुम हो इस सफर में तो
तीरगी रोशनी-सी लगती है

इश्क रहमत भी है इबादत भी
आशिकी बन्दगी-सी लगती है

तेरे चेहरे की मुस्कुराहट से
जीस्त मेरी जुड़ी-सी लगती है

समंदर तुम हो एक प्यासा और
मेरी हस्ती नदी-सी लगती है

सबसे अनमोल तेरी चाहत है
तू मेरी जिंदगी-सी लगती है

Ghazal Shayari Hindi Mein – Kaise Keh Du Ki Mulaqaat Nahi Hoti Hai

कैसे कह दूँ कि मुलाकात नहीं होती है,
रोज़ मिलते हैं मगर बात नहीं होती है;
आप लिल्लाह न देखा करें आईना कभी,
दिल का आ जाना बड़ी बात नहीं होती है;
छुप के रोता हूँ तेरी याद में दुनिया भर से,
कब मेरी आँख से बरसात नहीं होती है;
हाल-ए-दिल पूछने वाले तेरी दुनिया में कभी,
दिन तो होता है मगर रात नहीं होती है;
जब भी मिलते हैं तो कहते हैं कैसे हो,
इस से आगे तो कोई बात नहीं होती है!

Sad Ghazal Hindi Mein – Daaman Bhi Khaali Ho Gaya

दामन भी खाली हो गया ख़ुशीयां जलाते जलाते,
बरबाद हो गये हम तुझको भुलाते भुलाते,
थक गयीं रातों की परियां हो गयीं सुनसान गलियां,
मायूस हो गयी हवा भी मुझको सुलाते सुलाते,
बढ़ गयी मंजिल की दूरी चाह रह गयी अधूरी,
आ गये हम कब्र तक दूरी घटाते घटाते,
इश्क़ में हारे हैं यारो हुस्न के मारे हैं यारो,
मिट गये हम उनके दिल से नफ़रत मिटाते मिटाते।


Hindi Ghazal Poetry – Samandar Saare Sharaab Hote To Socho

समंदर सारे शराब होते तो सोचो, कितने फसाद होते;
हकीक़त सारे ख्वाब होते तो सोचो, कितने फसाद होते!
किसी के दिल में क्या छुपा है, बस ये खुदा ही जानता है;
दिल अगर बे नक़ाब होते तो सोचो, कितने फसाद होते!
थी ख़ामोशी फितरत हमारी, तभी तो बरसों निभा गए;
अगर हमारे मुंह में भी जवाब होते तो सोचो, कितने फसाद होते!
हम अच्छे थे पर, लोगों की नज़र मे रहे बुरे;
कहीं हम सच में खराब होते तो सोचो, कितने फसाद होते!