Dharmik Shayari – ना गिनकर देता है


ना गिनकर देता है,
ना तोलकर देता है,
जब भी मेरा ‘श्याम’ देता है,
दिल खोल कर देता है।…..

जै श्री राधे कृष्ण!!!!!!!!!!

Religious Shayari – खाटु श्याम की महफिल को श्याम बाबा सजाते है

खाटु श्याम की महफिल को श्याम बाबा सजाते है
आते हैं वो ही जिनको मेरे बाबा बुलाते हैं
जिनका भरी दुनिया में कोई भी नहीं
उनको भी ” बाबा श्याम ” सीने से लगाते हैं

Religious Shayari – कौन कहता है कि मेरा ‘शिव’ प्यार नहीं करता…

कौन कहता है कि मेरा ‘शिव’ प्यार नहीं करता…
प्यार तो करता है मगर प्यार का इजहार नहीं करता…
मैनें देखा है दर पे माँगनें वालों को…
मेरा ‘शिव’ देने से इनकार नहीं करता….
भगवान शिव की जय

Religious Shayari – Jise Koi Nahi Janta Use Rab Janta He

Jise Koi Nahi Janta Use Rab Janta He,
Raaz Ko Raaz Na Smjho Wo Sab Janta He,
Agar Mangna He To Us “Sai” Se Mango,
Jo Zuban Pe Ane Se Pehle Dil Ki Dua Janta Hai.
Jai Sainath.